गांव की आवाज न्यूज मावली । देशभर में चल रहे राष्ट्रीय जनगणना कार्य के तहत घासा क्षेत्र में डेटा जुटाने का काम युद्ध स्तर पर जारी है। वर्तमान में डिजिटल माध्यम से की जा रही इस जनगणना की जमीनी हकीकत जानने और कार्य की शुद्धता परखने के लिए चार्ज जनगणना अधिकारी एवं मावली तहसीलदार राधेश्याम जोशी ने घासा ग्राम पंचायत क्षेत्र का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने प्रगणकों (Enumerators) द्वारा किए जा रहे गृह सूचीकरण और डिजिटल एंट्री के कार्य को बारीकी से परखा।
घर-घर जाकर ‘एचएलओ ऐप’ पर अपलोड हो रहा डेटा
निरीक्षण के दौरान तहसीलदार जोशी ने बताया कि इस बार जनगणना कार्य को पूरी तरह आधुनिक और त्रुटिहीन बनाने के लिए तकनीक का सहारा लिया जा रहा है। क्षेत्र में नियुक्त प्रगणक कड़कड़ाती धूप और भीषण गर्मी के बीच मुस्तैदी से घर-घर जाकर नागरिकों से निर्धारित प्रपत्र के अनुसार जानकारी जुटा रहे हैं।
इस एकत्रित जानकारी को वास्तविक समय (Real-time) में ही भारत सरकार के अधिकृत ‘एचएलओ (HLO) ऐप’ पर डिजिटल रूप से अपलोड किया जा रहा है, जिससे कागजी कार्रवाई के साथ-साथ डेटा मैनेजमेंट भी सुरक्षित और त्वरित गति से हो रहा है।
तकनीकी समस्याओं का मौके पर ही समाधान
तहसीलदार ने घासा क्षेत्र के विभिन्न वार्डों और ढाणियों में जाकर फील्ड में काम कर रहे प्रगणकों के प्रपत्रों और ऐप की फीडिंग प्रोग्रेस को लाइव देखा। उन्होंने मौके पर मौजूद सुपरवाइजरों और प्रगणकों से बातचीत कर आ रही तकनीकी समस्याओं को जाना और उनके त्वरित समाधान के निर्देश दिए।
ग्रामीणों से सहयोग की अपील
निरीक्षण के दौरान तहसीलदार राधेश्याम जोशी ने स्थानीय ग्रामीणों से भी संवाद किया। उन्होंने अपील की कि वे अपने घर आने वाले प्रगणकों को अपनी सही और प्रामाणिक जानकारी देकर इस राष्ट्रीय कार्य में अपना अमूल्य सहयोग प्रदान करें।
निरीक्षण के दौरान घासा क्षेत्र के स्थानीय राजस्व कर्मी, जनगणना सुपरवाइजर, प्रगणक और कई प्रबुद्ध नागरिक उपस्थित रहे। क्षेत्र में कार्य की सुचारू स्थिति को देखकर तहसीलदार ने संतोष व्यक्त किया।
“जनगणना राष्ट्र निर्माण का एक अत्यंत महत्वपूर्ण और संवेदनशील दस्तावेज है। इसलिए एक भी परिवार या व्यक्ति इस प्रक्रिया से वंचित नहीं रहना चाहिए। ऐप पर डेटा अपलोड करते समय पूरी सावधानी और शुद्धता बरती जाए।”
— राधेश्याम जोशी, तहसीलदार व चार्ज जनगणना अधिकारी

